मिलिए, बिना कोचिंग UPSC Exam क्रैक करने वाली Sarjana Yadav से, जानिए – उनकी सफलता की कहानी..

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sanjana yadav IAS

डेस्क : संघ लोक सेवा आयोग (UPSC) की सिविल सेवा परीक्षा में हर साल लाखों उम्मीदवार उपस्थित होते हैं, लेकिन सफलता प्रतिशत केवल 1% के आसपास ही रहता है। इनमें से ज्यादातर ऐसे हैं जो कोचिंग पर लाखों रुपये खर्च करते हैं, लेकिन उसके बाद भी उन्हें सफलता नहीं मिलती है। इसका मुख्य कारण इस परीक्षा की तैयारी की रणनीति के बारे में जानकारी की कमी है। UPSC परीक्षा को क्रैक करने की रणनीति के बारे में जानने का सबसे अच्छा स्रोत एक IAS अधिकारी की तैयारी के तरीकों के बारे में जानना है।

तो यहां हम आपको एक आईएएस अधिकारी की सफलता की कहानी के बारे में बताने जा रहे हैं, जिन्होंने बिना किसी कोचिंग के सेल्फ स्टडी के जरिए इस परीक्षा को पास किया। यह IAS अधिकारी हैं दिल्ली की सरजना यादव। जिन्होंने नौकरी के साथ कोचिंग के बिना यूपीएससी परीक्षा की तैयारी की और अपने तीसरे प्रयास वर्ष 2019 में सिविल सेवा परीक्षा में 126 रैंक हासिल कर आईएएस बन गए।

कोचिंग के बिना तैयारी : UPSC की परीक्षा बहुत कठिन होती है। इसलिए अधिकांश उम्मीदवार इस परीक्षा की तैयारी के लिए कोचिंग ज्वाइन करते हैं। इसके लिए उन्हें लाखों रुपये खर्च करने पड़ते हैं। उधर, इस परीक्षा को लेकर सरजना यादव का अलग ही नजरिया। एक इंटरव्यू में सरजना ने कहा कि यह उम्मीदवार की इच्छा पर निर्भर करता है कि वह कोचिंग लेना चाहता है या नहीं। अगर आपको लगता है कि आपके पास संपूर्ण अध्ययन सामग्री है और यूपीएससी के लिए आपकी रणनीति बेहतर है तो आप सेल्फ स्टडी पर भरोसा करके भी सफलता प्राप्त कर सकते हैं। वहीं अगर व्यक्ति को लगता है कि वह कक्षा के माहौल में बेहतर प्रदर्शन कर पाएगा तो उसे कोचिंग ज्वाइन कर लेनी चाहिए। हालांकि, अगर आप अपनी पढ़ाई के प्रति Disciplined और Honest हैं, तो सेल्फ स्टडी काफी बेहतर है।

Sarjana नौकरी के साथ परीक्षा की तैयारी करती : सरजना यादव ने दिल्ली टेक्नोलॉजिकल यूनिवर्सिटी से इंजीनियरिंग में ग्रेजुएशन पूरा किया। ग्रेजुएशन के बाद उन्होंने ट्राई में रिसर्च ऑफिसर के तौर पर काम करना शुरू किया। अपनी पूर्णकालिक नौकरी के साथ, सरजना ने यूपीएससी परीक्षा की तैयारी की, लेकिन वह पहले दो प्रयासों में सफल नहीं हुई। उन्होंने हार नहीं मानी और अपनी गलतियों से बहुत कुछ सीखा। परीक्षा की बेहतर तैयारी के लिए सरजना ने 2018 में नौकरी छोड़ दी थी। वह कहती है कि नौकरी को लेकर किए गए प्रयास में वह अपना पूरा ध्यान नहीं दे पा रही थी। लेकिन जब उन्होंने 2018 में अपनी नौकरी से इस्तीफा दे दिया तो उन्होंने पूर्णकालिक तैयारी शुरू कर दी। हालांकि, इसके बावजूद उन्होंने कोचिंग ज्वाइन नहीं की और सेल्फ स्टडी पर भरोसा किया। सेल्फ स्टडी के माध्यम से सरजना यादव ने वर्ष 2019 में अखिल भारतीय में 126वीं रैंक हासिल कर आईएएस अधिकारी बनने के अपने सपने को पूरा किया।

सरजना से सीखें UPSC परीक्षा की तैयारी के टिप्स : तैयारी शुरू करने के साथ-साथ पढ़ाई के घंटे भी तय करने चाहिए। इस दौरान किसी भी विषय को गहराई से पढ़ने का प्रयास करें, ताकि कोई भ्रम न रह जाए। एक बार पाठ्यक्रम समाप्त हो जाने के बाद, जितना संभव हो उतना रिवीजन और उत्तर लिखने का अभ्यास करें। असफलता से बिल्कुल भी न डरें, मेहनत करते रहें, सफलता अवश्य मिलेगी।

कम ही अध्ययन सामग्री से करें तैयारी : सरजना ने कहा कि यूपीएससी का पाठ्यक्रम बहुत विशाल है, इसलिए यदि आप प्रत्येक विषय के लिए 2-3 पुस्तकें पढ़ेंगे, तो निर्धारित समय में पाठ्यक्रम को पूरा करना कठिन हो जाएगा। उन्होंने कहा कि प्रत्येक विषय के लिए एक अच्छी किताब का चयन करें और उसे अच्छी तरह से पढ़ें। साथ ही जरूरी जानकारी के लिए आप गूगल की मदद भी ले सकते हैं।

मॉक टेस्ट पर ध्यान दें : सरजना का कहना है कि, कई अभ्यर्थी सभी विषयों के नोट्स बनाने में बहुत समय बर्बाद करते हैं, भले ही यह आवश्यक न हो। हालांकि, आईएएस उम्मीदवारों के लिए मॉक टेस्ट देना बहुत महत्वपूर्ण है। अपनी गलतियों को सुधारने के लिए नियमित रूप से मॉक टेस्ट दें। साथ ही केवल उन्हीं टॉपिक्स के नोट्स बनाएं, जिन्हें समझना मुश्किल हो और जिनमें लंबे पैराग्राफ हों। इससे आपका समय बचेगा।